गोधूली एप्प अब प्ले स्टोर पर उपलब्ध

स्वर्णप्राशन आरम्भ करने का अगला शुभ

पुष्यनक्षत्र: 10 अप्रैल

Gaudhuli App

Now on Play Store

Pure Shilajit / शुद्ध शिलाजीत : 30gm

940.00990.00 (-5%)

In stock

  1. ​मर्दानगी में होगी बढ़ोत्तरी
  2. ​दूध के साथ पीने से बढ़ेगा स्पर्म काउंट
  3. ​अनिद्रा की समस्या होगी खत्म
  4. ​खून की कमी का नहीं होगा खतरा
  5. याद करने की क्षमता में होगा विकास
  6. मजबूत होगी रोग प्रतिरोधक क्षमता
  7. ​एंटी-एजिंग के रूप में
  8. ​डायबिटीज के उपचार में हो सकता है कारगर

 

 

An ancient treasure, Shilajit is a boon for longevity from the mighty mountains of HImalaya. Also knows as the 'fountain of youth', this pure and high-quality resin has 85+ minerals, plant hormones, and more than 30% fulvic acid content. No wonder kings have craved this sacred elixir for thousands of years. Purified by the Ayurvedic
Shodhan process, we bring you the authentic Himalayan Shilajit that will help men imporve their stamina and vitality. Unlocked by modern science, it is safe for daily use and tested for heavy metals.

How to use:
1) Scoop a pea sized resin drop
2) Dissolve in warm water or milk
3) Stir and consume
4) Use daily for best results

प्रयोग विधि:

1) मटर के दाने जितनी मात्रा शीशी में से लें
2) गर्म दूध या पानी में इसे मिला ले
3) इसे अच्छे मिलकर सेवन करें
4) वांछित लाभ हेतु प्रतिदिन सेवनीय

Spread The Word / गुणवत्ता का प्रचार करें
Spread The Word / गुणवत्ता का प्रचार करें

शिलाजीत (shilajit) खाने से पुरुष की मर्दानगी में बढ़ोत्तरी होती है। इसके अलावा भी शिलाजीत शरीर से जुड़ी कई समस्याओं और रोग को दूर करता है।

शिलाजीत के सेवन से 8 प्रमुख फायदे होते हैं।

शिलाजीत का नाम तो लगभग सभी लोगों ने सुना होगा। यह हिमालयी क्षेत्रों में पाया जाने वाला एक काला पदार्थ होता है। यह कई औषधीय पेड़-पौधों के सड़ने के बाद तैयार होता है। भारतीय बाजार में इसकी कीमत बहुत ज्यादा है।

शिलाजीत का सेवन पुरुषों की मर्दानगी और संभोग क्षमता बढ़ाने के लिए ज्यादा किया जाता है। हालांकि इसके अलावा भी शिलाजीत खाने के कई फायदे हैं, जिनके बारे में नीचे पूरी जानकारी दी जा रही है।

 

 

​मर्दानगी में होगी बढ़ोत्तरी

शिलाजीत की एक छोटी चम्मच मात्रा का सेवन आपकी मर्दानगी में चार चांद लगा देगा। दरअसल शिलाजीत में टेस्टोस्टोरोंस हार्मोन को बढ़ाने की क्षमता पाई जाती है। इसका सेवन करने से आपकी परफॉर्मेंस टाइमिंग भी बढ़ जाती है।

​दूध के साथ पीने से बढ़ेगा स्पर्म काउंट

शिलाजीत के पाउडर को अगर आप दूध में मिलाकर पीते हैं तो इससे आपके स्पर्म काउंट में बड़ी तेजी से बढ़ोत्तरी होती है। एक वैज्ञानिक अध्ययन के बाद इसका दावा भी किया जा चुका है।

​अनिद्रा की समस्या होगी खत्म

अनिद्रा की समस्या टेस्टोस्टोरोंस हार्मोन की कमी के कारण होता है। जबकि शिलाजीत खाने से यह हार्मोन बढ़ जाता है। इसलिए रात में सोने से पहले आप शिलाजीत का सेवन करें।

​खून की कमी का नहीं होगा खतरा

खून की कमी से इंसान को कई बीमारियों का सामना करना पड़ सकता है। जबकि शिलाजीत में आयरन की मात्रा पाई जाती है। जिसके कारण यह आपके शरीर में खून की कमी नहीं होने देता है।

याद करने की क्षमता में होगा विकास

शिलाजीत का सेवन याद करने की क्षमता में भी बढ़ोत्तरी करता है। दरअसल शिलाजीत में फुल्विक एसिड पाया जाता है। यह एसिड दिमाग की कार्यक्षमता में बढ़ोत्तरी करता है और याद मेमोरी पॉवर को भी बूस्ट करता है।

मजबूत होगी रोग प्रतिरोधक क्षमता

बीमारियों से बचे रहने के लिए जरुरी है कि आपकी इमूनिटी मजबूत हो। शिलाजीत एक एंटी-ऑक्सिडेंट कार्य करता है। जिससे आपकी इम्युनिटी मजबूत होगी। इसलिए आप रोजाना शिलाजीत की थोड़ी-थोड़ी मात्रा का सेवन कर सकते हैं।

​एंटी-एजिंग के रूप में

लंबे समय तक जवां दिखने के लिए भी शिलाजीत काफी फायदेमंद होता है। इसका सेवन करने से यह एक एंटी-एजिंग एजेंट के रूप में कार्य करता है। जिसके कारण बढ़ती हुई उम्र के कई सारे असर को निष्क्रिय कर देता है।

​डायबिटीज के उपचार में हो सकता है कारगर

डायबिटीज जैसी बीमारी से ग्रसित लोगों के लिए शिलाजीत रामबाण औषधि साबित हो सकता है। एंटी-डायबिटिक गुण के कारण यह डायबिटीज के उपचार और इसके जोखिम को कम करने में मदद कर सकता है।

****************************

स्त्रोत: रसतंत्रसार व सिद्धप्रयोग संग्रह

शिलाजीत के गुण:

शिलाजीत में स्नेह और लवण गुण होने से वातघ्न, सर गुण होने से पित्तघ्न, तीक्ष्ण गुण होने से श्लेष्मघ्न और मेदोघ्न, चरपरी और तीक्ष्ण गुण के हेतु से दीपन, कड़वा रस होने से रक्त विकार नाशक तथा चरपरा, तीक्ष्ण गुण होने से कृमिघ्न है।

शिलाजीत स्निग्ध होने से पौष्टिक, बल्य, आयुवर्धक, वृष्य, विषनाशक, मंगल (रसायन) और अमृत रूप (सत्ववर्धक) गुणों की प्राप्ति कराती है।

शुद्ध शिलाजीत स्त्रोतस, धातु, इंद्रिय और बुद्धि की शोधक और वर्णकर गुणयुक्त और वृष्य होने से मेध्य भी होती है।

भगवान आत्रेय के मतानुसार शिलाजीत अनम्ल (खट्टी नहीं है) कसैली तथा विपाक में चरपरी है, अति उष्ण या अति शीतल नहीं है। यह रसायन वृष्य और संपूर्ण रोगों की नाशक है।

रोग शमनार्थ आवश्यकतानुसार वातघ्न, पित्तघ्न, कफघ्न, द्विदोषघ्न या त्रिदोषघ्न औषधियों के क्वाथ की भावना देने से परम वीर्योत्कर्ष को पाती है। महर्षि आत्रेय कहते हैं कि –

न सोअस्ती रोगों भुवि साध्यरूप: शिलाहव्यं यन्न जयेत प्रसह्य।

अर्थात संसार में रसादि धातु की विकृति जनित ऐसा एक भी रोग नहीं है जो शिलाजीत के विधिपूर्वक सेवन से नष्ट ना हो सके।

भगवान धनवंतरी जी कहते हैं कि सब प्रकार की शिलाजीत कड़वी, चरपरी, कुछ कषाय रसयुक्त, सर, (वात और मल-प्रवर्त्तक या सर्वत्र पहुंच जाने वाली)

विपाक में चरपरी, उष्णवीर्य, कफ और मेद का शोषण करने और मल का छेदन करने वाली है। शिलाजीत के सेवन से प्रमेह, कुष्ठ, अपस्मार, उन्माद, श्लीपद, कृत्रिम विष, शोष (क्षय), शोथ, अर्श, गुल्म, पाण्डु और विषमज्वर आदि रोग थोड़े समय में ही दूर हो जाते है, ऐसा कोई रोग नहीं जिसे शिलाजीत हनन न कर सके। बहुतकाल से मूत्र में आने वाली शर्करा (कंकड़ी) और पथरी का भेदन करके उसे बाहर निकाल देती है

रसरत्न समुच्यकार ने लिखा है कि शुद्ध शिलाजीत के सेवन से ज्वर, पाण्डु, शोथ, मधुमेह, सब प्रकार के प्रमेह, अग्निमांध, राजयक्ष्मा, अर्श रोग, गुल्म, प्लीहा वृद्धि, सब प्रकार के उदररोग, हृदयशूल और सब प्रकार के त्वचा के रोग, ये सब निश्चयपूर्वक नष्ट हो जाते है। अधिक कहा तक कहें, देह को निरोग और सुदृढ़ बनाने के लिए शिलाजीत सर्वोत्तम रसायन है। अभ्रकादि महारस आदि उपरस, सूतेन्द्र (पारद), माणिक्य आदि रत्न और सुवर्ण आदि धातुओं में जरा, मृत्यु रोग समुदाय को जीतने के गुण है, वे सब शिलाजीत में होने का निम्न श्लोक में कहा है –

रसोपरस-सूतेन्द्र रत्न-लोहेषु ये गुणा: ।
वसंती ते शिलाधातौ जरा-मृत्यु-जिगीषया ।।

सब प्रकार के जीर्ण दुःखदायी रोग, मेदवृद्धि और मधुमेह के लिए शिलाजीत को अति हितकारी माना है। चोट आदि पर शिलाजीत का लेप किया जाता है। शिलाजीत के सेवन से अकाल मृत्यु का भय दूर होता है और आयु की वृद्धि होती है। यह युवा, वृद्ध, स्त्री, पुरुष, सगर्भा, प्रसूता सबके लिए लाभदायक है।

 

प्रयोग विधि:

1) मटर के दाने जितनी मात्रा शीशी में से लें
2) गर्म दूध या पानी में इसे मिला ले
3) इसे अच्छे मिलकर सेवन करें
4) वांछित लाभ हेतु प्रतिदिन सेवनीय

 

An ancient treasure, Shilajit is a boon for longevity from the mighty mountains of HImalaya. Also knows as the ‘fountain of youth’, this pure and high-quality resin has 85+ minerals, plant hormones, and more than 30% fulvic acid content. No wonder kings have craved this sacred elixir for thousands of years. Purified by the Ayurvedic
Shodhan process, we bring you the authentic Himalayan Shilajit that will help men imporve their stamina and vitality. Unlocked by modern science, it is safe for daily use and tested for heavy metals.

How to use:
1) Scoop a pea sized resin drop
2) Dissolve in warm water or milk
3) Stir and consume
4) Use daily for best results

 

 

Additional information

Weight 60 g

See It Styled On Instagram

    Instagram did not return any images.

Main Menu

Pure Shilajit / शुद्ध शिलाजीत : 30gm

940.00990.00 (-5%)

Add to Cart